
समाचार बक्सर जिले के संभाल्यालय सभा कक्ष से है जहां 05 मई 2025 दिन सोमवार को जिला पदाधिकारी अंशुल अग्रवाल की अध्यक्षता में हीट वेब एवं बाढ़ से पूर्व तैयारियों से संबधित जिले के वरीय पदाधिकारी के साथ अंचलाधिकारियों के मौजूदगी में बैठक किया गया। और बैठक के दौरान वर्ष 2025 में अग्निकांड के विभिन्न घटनाओं में क्षति भुगतान की समीक्षा के क्रम में अंचल इटाढी, ब्रह्मपुर, डुमराँव, नावानगर, सिमरी में भुगतान लंबित पाया गया, जिस पर जिला पदाधिकारी द्वारा खेद व्यक्त किया गया। साथ ही संबंधित अंचलाधिकारी को निदेश दिया गया कि तत्काल नियमानुसार कार्रवाई कर भुगतान कराना सुनिश्चित करेंगे। चापाकल मरम्मती एवं नल जल योजना में अनुरक्षण की समीक्षा के क्रम में स्पष्ट हुआ कि कार्यपालक अभियंता लोक स्वास्थ्य प्रमंडल बक्सर द्वारा अपने कार्यों का निष्पादन तत्परतापूर्वक नहीं किया जा रहा है। इस संबंध में कार्यपालक अभियंता से स्पष्टीकरण करने का निदेश दिया गया। साथ ही स्थानीय जन प्रतिनिधियों से समन्वय स्थापित करते हुए पेयजल की समस्या का निराकरण करना सुनिश्चित करेंगे। इसके साथ साथ कंट्रोल रूम नंबर को 24×7 संचालित करते हुए इसका प्रचार-प्रसार कराना सुनिश्चित करेंगे।
अनुमंडल पदाधिकारी बक्सर सदर एवं डुमरांव को चापाकल मरम्मती दल द्वारा किए गए कार्यों का अनुश्रवण करने का निदेश दिया गया।
जिला पदाधिकारी द्वारा सभी नगर निकायों में सार्वजनिक जगहों पर पियाउ एंव वाटर ए0टी0एम0 की व्यवस्था करने के साथ साथ पियाउ के रखरखाव का भी उचित प्रबंधन कराने का निर्देश दिया गया। सभी कार्यपालक पदाधिकारी को खराब चापाकलों की मरम्मति कराने का निर्देश दिया गया।
जिला पदाधिकारी द्वारा प्रभारी पदाधिकारी आपदा शाखा बक्सर को लू से बचाव हेतु उपायों को आमजनों को अवगत कराने हेतु व्यापक रूप से प्रचार प्रसार कराना सुनिश्चित करेंगे। जिला पदाधिकारी द्वारा हीट वेब को देखते हुए सभी सरकारी अस्पतालों में लू से प्रभावित व्यक्तियों के ईलाज हेतु डेडिकेटिड रूम की व्यवस्था कराने का निर्देश दिया गया। सदर अस्पताल बक्सर, अनुमंडलीय अस्पताल डुमराँव एवं सभी प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र पर पर्याप्त मात्रा में ओ0आर0एस0 पैकेट, आई0वी0 फ्लूड एवं जीवन रक्षक दवा इत्यादि की व्यवस्था करने का निर्देश दिया गया। साथ ही बच्चों, वृ़द्व, गर्भवती महिलाओं एवं गंभीर रूप से बीमार व्यक्तियों पर विशेष ध्यान रखने एवं चलन्त चिकित्सा दल एवं वाहन की समुचित व्यवस्था करने को कहा गया।
जिला पदाधिकारी द्वारा जिला प्रोग्राम पदाधिकारी ICDS बक्सर को निर्देश दिया गया कि सभी आँगनबाडी केन्द्रों पर तत्काल पेयजल की उपलब्धता सुनिश्चित करेंगे। स्वास्थ्य विभाग से सहयोग से आँगनबाडी केन्द्रों पर जीवन रक्षक घोल (ओ0आर0एस0) की व्यवस्था प्रत्येक आँगनबाडी केन्द्र पर 50 ओ0आर0एस0 पैकेट उपलब्ध कराने को कहा गया। साथ ही सभी आँगनबाडी केन्द्रों पर हीट बेव/लू प्रबंधन के बचाव हेतु जागरूकता कार्यक्रम चलाने का निर्देश दिया गया।
जिला अंतर्गत स्थापित किये गये कैटल ट्रफ की वर्तमान स्थिति से संबंधित समीक्षा के क्रम में पाया गया कि 06 जगहों में से 04 जगह पर क्रियाशील नहीं है। जिला पशुपालन पदाधिकारी बक्सर को निर्देश दिया गया कि जिला अंतर्गत सभी कैटल ट्रफ को तत्काल क्रियाशील कराएंगे।
जिला पदाधिकारी द्वारा कार्यपालक अभियंता विद्युत आपूर्ति प्रमंडल को आगलगी की घटना की रोकथाम हेतु पूर्व से लूज तारों को दूरस्त करने का निर्देश दिया गया। आमजनों की समस्या की सूचना प्राप्त करने हेतु
जिला स्तर पर फ्यूज कॉल सेंटर के दूरभाष नंबर का प्रचार प्रसार कराने का निर्देश दिया गया।
बाढ की पूर्व तैयारीः-
सभी अंचलाधिकारियों को स्थानीय जनप्रतिनिधियों, प्रखंड विकास पदाधिकारी, प्रखंड पंचायत राज पदाधिकारी के साथ बैठक आयोजित कर तैयारियों की सूचना देने एवं सुझाव प्राप्त करने का निर्देश दिया गया । कार्यपालक अभियंता बाढ नियंत्रण प्रमंडल बक्सर को तटबंधों की सुरक्षा विशेषकर संवेदनशील स्थलों यथा उमरपुर, केशोपुर, बिहार घाट एवं धाबी टोला पर सभी आवश्यक तैयारी ससमय करने का निर्देश दिया गया। साथ ही बाढ संसाधन यथा पॉलीथीन शीटस, टेंट, महाजाल, लाईफ जैकेट की उपलब्धता की समीक्षा कर सत्यापन करने का निर्देश दिया गया।
बैठक में अंचलाधिकारी चौसा एवं कार्यपालक अभियंता बाढ नियंत्रण प्रमंडल बक्सर के अनुपस्थित रहने पर उनसे स्पष्टीकरण करने का निदेश दिया गया




