राष्ट्रीय प्रेस दिवस पर बक्सर में पत्रकारिता की विश्वसनीयता पर मंथन
उप विकास आयुक्त ने कहा—“विश्वसनीयता ही प्रेस की सबसे बड़ी पूंजी”; तथ्य-जांच व नैतिक पत्रकारिता पर दिया जोर


राष्ट्रीय प्रेस दिवस 2025 के अवसर पर रविवार को समाहरणालय परिसर स्थित सभाकक्ष में विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया। उप विकास आयुक्त बक्सर आकाश चौधरी की अध्यक्षता में आयोजित इस कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन के साथ किया गया। इस वर्ष का विषय “Safeguarding Press Credibility Amidst Rising Misinformation” अर्थात “बढ़ती भ्रामक सूचना के बीच प्रेस की विश्वसनीयता की रक्षा” निर्धारित था।
उप विकास आयुक्त ने अपने संबोधन में कहा कि स्वतंत्र और सशक्त प्रेस लोकतंत्र की आधारशिला है। उन्होंने बताया कि डिजिटल युग में गलत सूचनाएँ अत्यंत तेजी से फैल रही हैं, जिससे सामाजिक सौहार्द और प्रशासनिक व्यवस्था पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है। ऐसे समय में पत्रकारों का दायित्व और बढ़ जाता है कि वे सत्य, तथ्य-जांच और प्रमाण-आधारित रिपोर्टिंग को सर्वोच्च महत्व दें।
उन्होंने कहा कि प्रेस समाज और प्रशासन के बीच एक मजबूत सेतु है, इसलिए पत्रकारिता की विश्वसनीयता बनाए रखना समय की माँग है। बक्सर जिले की प्रगति और उपलब्धियों को देश-दुनिया तक पहुँचाने में मीडिया की अहम भूमिका है।
कार्यक्रम का संचालन जिला जन संपर्क पदाधिकारी ने किया। इस अवसर पर प्रिंट और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया प्रतिनिधियों ने अपने विचार रखे तथा प्रेस क्लब संचालन और मासिक प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित करने संबंधी सुझाव उप विकास आयुक्त के समक्ष रखे।
कार्यक्रम में विभिन्न मीडिया संस्थानों के प्रतिनिधि एवं अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे।




