बक्सर विकास योजनाओं की समीक्षा, जनकल्याण अभियानों को मिली नई गति आज
प्रेस वार्ता में प्रशासन ने योजनाओं की प्रगति और लक्ष्य बताए विस्तारपूर्वक

बक्सर। जिला पदाधिकारी श्रीमती साहिला एवं पुलिस अधीक्षक शुभम आर्य की संयुक्त अध्यक्षता में बुधवार को समाहरणालय सभाकक्ष में आयोजित प्रेस वार्ता में जिले में संचालित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं, विकास अभियानों एवं प्रशासनिक पहलों की प्रगति की विस्तृत जानकारी साझा की गई। इस दौरान सहयोग शिविर, पंचायत विकास दिवस, जन सुनवाई, टीबी मुक्त भारत अभियान, अभियान बसेरा 2.0, विकसित भारत-गारंटी फॉर रोजगार एंड आजीविका मिशन (वीबी एंड जी-रामजी) तथा प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना सहित कई महत्वपूर्ण योजनाओं की उपलब्धियां प्रस्तुत की गईं।
प्रशासन ने बताया कि जिले में अब तक चार सहयोग शिविर आयोजित किए जा चुके हैं, जिनमें 4,598 आवेदन प्राप्त हुए। इनमें से 3,925 आवेदनों का निष्पादन कर दिया गया है, जबकि शेष मामलों पर नियमानुसार कार्रवाई जारी है। वहीं, सात निश्चय-3 के तहत आयोजित जन सुनवाई में अब तक 1,758 आवेदन प्राप्त हुए हैं, जिनमें 837 मामलों का निष्पादन किया जा चुका है। आवेदक क्यूआर कोड के माध्यम से अपने आवेदन की स्थिति भी देख सकते हैं।
प्रेस वार्ता में बताया गया कि 26 जुलाई को आयोजित होने वाले पंचायत विकास दिवस का विषय “सुशासन युक्त पंचायत” होगा। ग्राम सभाओं में इस विषय पर चर्चा कर पंचायत विकास से जुड़े प्रस्ताव पारित किए जाएंगे। टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत जिले में 14 अगस्त तक विशेष अभियान चलाया जा रहा है। डिजिटल एक्स-रे, सीबीएनएएटी और ट्रू-नैट जैसी आधुनिक जांच सुविधाएं सभी प्रमुख सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में उपलब्ध हैं। टीबी मरीजों को प्रतिमाह एक हजार रुपये की डीबीटी सहायता तथा निक्षय मित्र योजना के माध्यम से पोषण सहयोग भी दिया जा रहा है।
अभियान बसेरा 2.0 के तहत जिले में 499 बंदोबस्ती प्रमाण पत्र वितरित करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है, जबकि विकसित भारत-गारंटी मिशन के अंतर्गत एक जुलाई से अब तक 858 जॉब कार्डधारी परिवारों को रोजगार उपलब्ध कराते हुए 4,557 मानव दिवस का सृजन किया गया है। प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत जिले में 923 आवेदन प्राप्त हुए हैं, जिनमें 156 घरों पर सोलर पैनल लगाए जा चुके हैं और 129 लाभार्थियों को सब्सिडी मिल चुकी है। साथ ही, कॉरपोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व (सीएसआर) के तहत जिले के आठ तालाबों के जीर्णोद्धार, जल संरक्षण तथा ग्रामीण विकास के कार्य भी शीघ्र शुरू किए जाएंगे। प्रशासन ने कहा कि इन सभी योजनाओं का उद्देश्य विकास को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना और जिले के समग्र विकास को नई गति देना है।




