गंगा का जलस्तर खतरे के करीब, दियारा क्षेत्रों में प्रशासन अलर्ट

बक्सर। जिले में गंगा नदी का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। मंगलवार को गंगा का जलस्तर 60.17 मीटर दर्ज किया गया, जो खतरे के निशान 60.32 मीटर से महज 15 सेंटीमीटर नीचे है। नदी के जलस्तर में लगातार बढ़ोतरी का ट्रेंड बना हुआ है। इसे देखते हुए जिला प्रशासन ने बाढ़ की संभावित स्थिति को लेकर सतर्कता बढ़ा दी है। प्रशासन की ओर से दियारा क्षेत्र में विशेष निगरानी रखी जा रही है।
जिला प्रशासन द्वारा जारी अपडेट के अनुसार गंगा का चेतावनी स्तर 59.32 मीटर है, जबकि वर्तमान जलस्तर 60.17 मीटर पहुंच चुका है। वहीं, खतरे का निशान 60.32 मीटर निर्धारित है। गंगा का उच्चतम बाढ़ स्तर 62.09 मीटर वर्ष 1948 में दर्ज किया गया था। जलस्तर में लगातार वृद्धि को देखते हुए बक्सर, चौसा, सिमरी, चक्की और ब्रह्मपुर प्रखंड के दियारा क्षेत्रों पर विशेष नजर रखी जा रही है।
मौसम सेवा केंद्र ने जिले में 2 सितंबर तक भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। बारिश और नदी के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए प्रशासन ने अंचल स्तर पर आवश्यकतानुसार पर्याप्त नावों की व्यवस्था सुनिश्चित की है, ताकि किसी भी आपात स्थिति में प्रभावित लोगों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाया जा सके।
तटबंधों की सुरक्षा के लिए 24 घंटे निगरानी और गश्त की व्यवस्था की गई है। साथ ही एसडीआरएफ की टीम और स्थानीय गोताखोरों को भी मुस्तैद रखा गया है। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि संभावित बाढ़ अथवा किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए सभी आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।
प्रशासन ने आम लोगों से अपील की है कि भारी बारिश और बढ़ते जलस्तर के दौरान नदी के किनारे, घाटों, जलभराव वाले इलाकों तथा तटबंधों के आसपास जाने से बचें। घाटों पर स्नान के दौरान गहरे पानी में बिल्कुल न जाएं। किसी आपात स्थिति में प्रशासन द्वारा उपलब्ध कराई गई नावों का ही इस्तेमाल करें। साथ ही अफवाहों पर ध्यान नहीं देने और किसी भी सूचना के लिए केवल प्रशासन की ओर से जारी आधिकारिक जानकारी पर भरोसा करने की अपील की गई है।




