सहयोग शिविर में योजनाओं की त्वरित सुनवाई, ग्रामीणों को मिली बड़ी राहत

सिमरी (बक्सर)। बक्सर जिले के सिमरी प्रखंड अंतर्गत आशा पड़री, राजापुर, गंगौली एवं खरहाटार पंचायतों में मंगलवार को बिहार सरकार की जनकल्याणकारी पहल के तहत सहयोग शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में पंचायत के मुखिया, मुखिया प्रतिनिधि, विभिन्न विभागों के अधिकारी, कर्मचारी तथा बड़ी संख्या में ग्रामीण महिला-पुरुष उपस्थित रहे। शिविर का उद्देश्य ग्रामीणों की समस्याओं का एक ही स्थान पर त्वरित समाधान सुनिश्चित करना तथा सरकारी योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक पहुंचाना था।
शिविर में अलग-अलग विभागों के लिए पृथक काउंटर बनाए गए थे। यहां राजस्व, सामाजिक सुरक्षा पेंशन, राशन कार्ड, आवास योजना, मनरेगा, जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र, जाति, आय एवं आवासीय प्रमाण पत्र, किसान कल्याण, पेयजल, बिजली, स्वास्थ्य तथा अन्य जनकल्याणकारी योजनाओं से संबंधित आवेदन प्राप्त किए गए। अधिकारियों ने प्रत्येक आवेदक की समस्या को गंभीरता से सुना और कई मामलों का मौके पर ही निष्पादन किया, जबकि शेष मामलों के शीघ्र समाधान का आश्वासन दिया गया।
प्रखंड विकास पदाधिकारी प्रशांत कुमार ने कहा, “सहयोग शिविर का उद्देश्य ग्रामीणों को प्रखंड कार्यालय के बार-बार चक्कर लगाने से राहत देना है। सरकार की मंशा है कि सभी विभागों की सेवाएं एक ही स्थान पर उपलब्ध हों और पात्र लाभुकों को योजनाओं का लाभ समय पर मिले। इस पहल से प्रशासन और जनता के बीच संवाद मजबूत हो रहा है तथा विकास योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित हो रहा है।”
वहीं राजस्व अधिकारी राहुल कुमार ने बताया, “शिविर में दाखिल-खारिज, दखल-कब्जा, भूमि विवाद, परिमार्जन तथा भूमिहीन परिवारों को पर्चा उपलब्ध कराने से संबंधित कई आवेदन प्राप्त हुए हैं। सभी आवेदनों का नियमानुसार त्वरित निष्पादन किया जाएगा, ताकि लोगों को अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े। राजस्व संबंधी मामलों के समयबद्ध समाधान के लिए प्रशासन पूरी तरह प्रतिबद्ध है।”
ग्रामीणों ने सहयोग शिविर की सराहना करते हुए कहा कि विभिन्न विभागों के अधिकारियों की एक साथ मौजूदगी से उनकी समस्याओं का समाधान पहले की अपेक्षा अधिक तेजी से हो रहा है। उन्होंने सरकार की इस पहल को ग्रामीण विकास और सुशासन की दिशा में एक प्रभावी कदम बताया। कार्यक्रम के दौरान संबंधित विभागों के अधिकारी, पंचायत प्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामीण उपस्थित रहे। 




